6.50 लाख रुपये की रिश्वत मांगने का आरोप; ग्रामसेविका और पंचायत समिति के साधन व्यक्ति के खिलाफ मामला दर्ज
गोंदिया : जिले में भ्रष्टाचार निरोधक विभाग (एसीबी) ने रिश्वतखोरी के मामले में बड़ी कार्रवाई करते हुए एक ग्रामसेविका और उनके पति को रंगेहाथ गिरफ्तार किया है। आरोपियों पर एक पूर्व सैनिक से सरकारी योजना के तहत पांच एकड़ कृषि भूमि प्राप्त करने के लिए आवश्यक ग्राम पंचायत प्रस्ताव और अनापत्ति प्रमाणपत्र (एनओसी) से संबंधित दस्तावेज तैयार करवाने के बदले कुल 6 लाख 50 हजार रुपये की रिश्वत मांगने का आरोप है। इनमें से 1 लाख रुपये स्वीकार करते समय दोनों आरोपियों को एसीबी ने पकड़ लिया।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, शिकायतकर्ता 48 वर्षीय सेवानिवृत्त सैनिक हैं। उन्होंने पूर्व सैनिक होने के नाते शासन से पांच एकड़ कृषि भूमि प्राप्त करने के लिए जिलाधिकारी, गोंदिया के समक्ष प्रस्ताव प्रस्तुत किया था। इस प्रस्ताव के संबंध में ग्राम पंचायत का ठराव पारित करवाने और एनओसी से जुड़े दस्तावेज तैयार करवाने के लिए आरोपियों ने कथित तौर पर सरपंच और ग्राम पंचायत सदस्यों के नाम पर 5 लाख 50 हजार रुपये की रिश्वत मांगी। इसके अलावा काम शुरू करवाने के लिए अपने लिए अलग से एक लाख रुपये की मांग किए जाने का भी आरोप है। इस संबंध में शिकायतकर्ता ने 9 अक्टूबर 2026 को भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो, गोंदिया में शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायत के अनुसार, आरोपियों ने 9 अक्टूबर को काम और पैसों के संबंध में बातचीत करने के लिए शिकायतकर्ता को अपने घर बुलाया था। इसके बाद एसीबी की टीम ने पंचों और वॉयस रिकॉर्डर की सहायता से शिकायत का सत्यापन किया। सत्यापन के दौरान आरोपियों द्वारा कथित तौर पर ग्राम पंचायत के सरपंच और सदस्यों के नाम पर 5 लाख 50 हजार रुपये तथा काम शुरू करवाने के लिए अपने लिए अलग से 1 लाख रुपये की रिश्वत मांगने की पुष्टि हुई। आरोपियों ने शिकायतकर्ता को रिश्वत की राशि 12 या 13 अक्टूबर को अपने गोंदिया स्थित आवास पर लाकर देने के लिए कहा था। 13 अक्टूबर 2026 को एसीबी ने नियोजित जाल बिछाया। शिकायतकर्ता को पंचों और वॉयस रिकॉर्डिंग की व्यवस्था के साथ आरोपियों के गोंदिया स्थित आवास पर भेजा गया। एसीबी के अनुसार, आरोपी क्रमांक एक ने इशारा किया, जिसके बाद आरोपी क्रमांक दो ने शिकायतकर्ता से एक लाख रुपये की रिश्वत स्वीकार की। इसके तुरंत बाद एसीबी की टीम ने दोनों आरोपियों को रंगेहाथ पकड़ लिया। इस मामले में आरोपी उषा जयकृष्ण पाटील (42), ग्रामसेविका, मानेगांव, तहसील आमगांव, जिला गोंदिया तथा रमाकांत ग्यानिराम मोटघरे (54), विषय साधन व्यक्ति, गृह साधन केंद्र, पंचायत समिति सालेकसा, जिला गोंदिया के खिलाफ गोंदिया शहर पुलिस थाने में अपराध क्रमांक 844/2026 के तहत भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम की धारा 7 और 12 के अंतर्गत मामला दर्ज किया गया है। एसीबी के अनुसार, दोनों आरोपियों को हिरासत में लिया गया है। प्रेस विज्ञप्ति में उनकी गिरफ्तारी की प्रक्रिया जारी होने की जानकारी दी गई है।
इन्होंने की कार्रवाई…
यह कार्रवाई पुलिस उपाधीक्षक नीलेश लोधी, पुलिस अधीक्षक दिंगबर प्रधान, अपर पुलिस अधीक्षक माधुरी बाविस्कर तथा अपर पुलिस अधीक्षक विजय माहुलकर, भ्रष्टाचार निरोधक विभाग, नागपुर के मार्गदर्शन में पुलिस निरीक्षक उमाकांत उगले, ट्रैप अधिकारी पुलिस निरीक्षक अरविंद राऊत, Hc बोहरे, Hc कहालकर, NPC शेंडे, NPC बोपचे,NPC काटकर, NPC सोनवणे , NPC बाटबर्वे, LNPC पटले, LNPC डांगे ने की।





